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लोकसभा स्पीकर ने कहा- केंद्र की मजबूती के लिए राज्यों का सशक्त होना जरूरी


लखनऊ,(एजेंसी) 1 फरवरी । राजधानी में 30 साल बाद 77वां ऑल इंडिया स्पीकर्स मीट का आयोजन हो रहा है। समारोह के पहले दिन शुक्रवार को सभी सचिवों की मीटिंग हुई। इसके बाद शनिवार को विधायी निकायों के पीठासीन अधिकारियों और सचिवों का सम्मलेन हो रहा है। विधान भवन में सीएम अखिलेश ने इसका उद्घाटन किया। इसके बाद विधानसभा अध्यक्ष माता प्रदेश पांडेय ने स्वागत भाषण दिया। इस दौरान लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन ने सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि केंद्र की मजबूती के लिए पहले सभी राज्यों का सशक्त होना जरूरी है।
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पीठासीन अधिकारियों के सम्मेलन में स्वागत भाषण देते विधानसभा अध्यक्ष माता प्रसाद पांडेय। साथ में मौजूद सीएम अखिलेश और लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन।

सम्मेलन का उद्घाटन करने के बाद सीएम अखिलेश यादव ने सबसे पहले सभी राज्यों से आए पीठासीन अधिकारियों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि भारत जैसे लोकतांत्रिक देश में पीठासीन अधिकारियों की अहम भूमिका होती है। लोगों का विश्वास और भरोसा चुनाव प्रणाली और प्रक्रिया पर बना रहे, इसके लिए लगातार कोशिश होती रहनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस सम्मेलन में राज्य विधानसभाओं के अधिकार क्षेत्र को बढ़ाने पर विचार किया जाएगा। इसके अलावा सात अहम बिंदुओं पर चर्चा होगी।

मजबूत बने राज्य
इस मौके पर लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने कहा कि लंबे समय बाद स्पीकर्स मीट का आयोजन हो रहा है। यूपी के विधानसभा अध्यक्ष माता प्रसाद पांडेय इसके लिए बधाई के हकदार हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र को मजबूत बनाने के लिए पहले राज्यों का मजबूत होना बेहद जरूरी है। यह संघीय ढांचे की मांग भी है। इस सम्मेलन में हम विधायी निकायों को पेपरलेस करने के मुद्दे पर अहम चर्चा करेंगे।

ये अधिकारी ले रहे हैं हिस्सा
विधान भवन में यह स्पीकर्स मीट दो फरवरी तक चलेगी। इसमें देशभर के पीठासीन अधिकारी और सचिव स्तर तक के अधिकारी हिस्सा ले रहे हैं। इसके साथ ही 30 राज्यों के विधानसभा अध्यक्ष और छह विधान परिषद अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सभापति, उपसभापति, लोकसभा अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, राज्यसभा और लोकसभा के सांसद मौजूद हैं। इस मीट के मुख्य एजेंडे में विधानसभा की कार्यप्रणाली को पेपरलेस करना शामिल है। ऐसे में इसपर विस्तार से चर्चा की जाएगी। इसके अलावा कई अहम मुद्दों पर भी विचार किया जाएगा।


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