Wednesday , 20 January 2021
Home >> U.P. >> यूपी का सियासी संग्राम : भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर और सुभासपा के अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर में हुई मुलाकात

यूपी का सियासी संग्राम : भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर और सुभासपा के अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर में हुई मुलाकात


भीम आर्मी के प्रमुख और आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष चंद्रशेखर ने शनिवार को राजधानी में सुभासपा अध्यक्ष व पूर्व मंत्री ओमप्रकाश राजभर से मिलकर राजनीतिक हालात पर मंत्रणा की। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में चंद्रशेखर, भागीदारी संकल्प मोर्चा में शामिल हो सकते हैं।

राजभर ने बताया कि चंद्रशेखर से करीब एक घंट बातचीत हुई है। उन्होंने भागीदारी मोर्चा में शामिल होने पर सहमति जताई है। चंद्रशेखर ने बताया कि प्रदेश की भाजपा सरकार में दलित व पिछड़े उपेक्षित हैं। उन्हीं के मुद्दों पर राजभर से वार्ता हुई है।

चर्चा हुई है कि पूर्वांचल में दलितों और पिछड़ों को कैसे जोड़ा जाए। आने वाले दिनों में पूर्वांचल का दौरा करेंगे। न्यूनतम साझा कार्यक्रम बनाएंगे। अभी एक-दो दौर की वार्ता और होगी। उसके बाद एक मंच पर आने का एलान किया जाएगा।

वहीं, बिहार के सीमांचल में पांच विधानसभा सीट जीतने से उत्साहित एआईएमआईएम सुप्रीमो असुद्दीन ओवैसी पूर्वांचल से चुनावी अभियान की शुरुआत करेंगे। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव का संसदीय क्षेत्र आजमगढ़ उनके खास निशाने पर रहेगा। ओवैसी 12 जनवरी को वाराणसी आएंगे। वह सुभासपा अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर के साथ आजमगढ़, मऊ, वाराणसी व जौनपुर जिलों में सियासी संभावनाएं तलाशेंगे।

हैदराबाद के सांसद ओवैसी ने यूपी विधानसभा का चुनाव छोटे दलों के साथ मिलकर लड़ने का एलान किया है। वह लखनऊ आकर सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर से मिल चुके हैं। ओवैसी व राजभर ने 2022 का विधानसभा चुनाव अन्य छोटे दलों को साथ लेकर लड़ने की घोषणा की है।

राजभर ने छोटे दलों का भागीदारी संकल्प मोर्चा बना रखा है। इसी की छतरी के नीचे अन्य नेताओं व दलों को जोड़ने की तैयारी चल रही है। ओमप्रकाश राजभर इस सिलसिले में प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (लोहिया) के अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव से भी कई बार मिल चुके हैं। हालांकि अभी कार्यक्रम तय नहीं है लेकिन ऐसे संकेत हैं कि ओवैसी भी शिवपाल से मुलाकात कर सकते हैं।

ओवैसी 12 जनवरी को वाराणसी आ रहे हैं। राजभर उन्हें पूर्वांचल के कुछ जिलों का दौरा कराएंगे। उनकी योजना पिछड़ों व मुस्लिमों की एकजुटता से राजनीतिक ताकत बनने की है। ओवैसी व राजभर आजमगढ़ के साथ ही मई व जौनपुर भी जाएंगे। वह वाराणसी में भी कार्यकर्ताओं से मिलेंगे।

 


Check Also

योगी सरकार ने जौहर यूनिवर्सिटी की 172 एकड़ जमीन को सरकारी संपत्ति घोषित किया

सपा सांसद आजम खां की जौहर यूनिवर्सिटी की 70.005 हेक्टेयर (लगभग 172 एकड़) जमीन अभिलेखों …